“अबकी बार, बात आपके हक़ की”
“ना जात-पात, ना पार्टी की बात – अबकी बार साफ नीयत और सच्चा कामदार!”
वार्ड ३३ के हर कोने में आज एक ही आवाज़ है – “हमें अपना, अपने बीच का उम्मीदवार चाहिए।”
अश्विन विक्रम भरत किसी बड़े वादे या पार्टी का मुखौटा नहीं हैं, बल्कि वही चेहरा हैं जिसे आपने देखा है – त्योहारों में, दिक्कतों में और समाजसेवा में।
यह चुनाव नहीं, बदलाव का मौका है – नारा नहीं, नज़रिया बदलने का समय है।
हम सब मिलकर ऐसा जन आंदोलन शुरू कर सकते हैं जो आने वाली पीढ़ियों तक याद रहेगा।